देसूरी। पाली जिले के देसूरी उपखंड स्थित कोलर ग्राम में रविवार को आयोजित हुए श्री मारवाड़ मेघवाल सेवा संस्थान के आठवें प्रतिभा संपन्न समारोह के मुख्य अतिथि के रूप में सम्बोधित करते हुए कहा चर्चित लेखक भंवर मेघवंशी ने कहा कि शिक्षा के प्रसार से ही समाज सुधार संभव हैं। खुशी इस बात की हैं कि यह पिछड़ा समाज अब तेजी से सामाजिक सुधार की प्रक्रिया से गुजर रहा है।
उन्होंने कहा कि देखने में तो यह प्रतिभा सम्मान समारोह मेघवाल जाति का आयोजन है,लेकिन यह जातिवादी आयोजन कतई नही हैं। वास्तव में यह बाबा साहब व भगवान बुद्ध के संदेश को फैलाने का काम कर रहा हैं। उन्होंने कहा कि अब हमें बड़े-बड़े शैक्षणिक संस्थान बनाने की जरुरत हैं। उन्होंने इस दिशा में काम कर रहे हनुमानगढ़ के बोधि फाउंडेशन के काम की सराहना की।
मुख्य वक्ता हनुमानगढ़ के शिक्षाविद एवं साहित्यकार शिव बोधि ने कहा कि सैकंडरी-सीनियर सैकंडरी में उच्च अंक प्राप्त कर भी प्रतिभाओं को उन्हें मजदूर बनने को मजबूर बनना पड़ता है। इसके लिए उनके टेलेंट को पहचान कर उन्हें उचित अवसर देने की जरूरत हैं। उन्होंने कहा कि डॉ.अम्बेडकर चाहते थे कि जाति प्रथा न रहे,क्योंकि जाति ज्ञानार्जन व अर्थोपार्जन से दूर रखने का षडयंत्र हैं। इसलिए अम्बेडकर का सपना जाति विहीन व्यवस्था देने का था। उन्होंने अम्बेडकर के कथन 'जो कौम अपना इतिहास नही जानती। वह कौम आगे नही बढ़ सकती।' उदधृत करते हुए कहा कि शोध से पता चला कि कई जातियों को उनका इतिहास भी ज्ञात नही हैं। उन्होंने कहा कि8 इसके लिए समाज को पत्रकार,स्कॉलर व रिसर्चर पैदा करने होंगे।
समारोह की विशिष्ठ अतिथि कंचन आईएएस एकेडमी गांधीधाम की निदेशक श्रीमती कंचन सरियाला ने कहा कि अम्बेडकर को महिलाओं को जीना सिखाया। आज महिलाएं सीएम व डीएम बन सकती हैं,यह बाबा साहब की देन हैं। संविधान ने भगवान के मंदिर में जाने के अधिकार दिलाए। इसलिए बाबा साहब को भूलकर कभी कोई कदम आगे मत बढ़ाना। क्योंकि प्रसूति अवकाश व श्रमिकों के घण्टे बाबा साहब ने निश्चित कराए।
समारोह की अध्यक्षता करते हुए संस्थान सरंक्षक पूर्व मंत्री अचलाराम मेघवाल ने संस्थान का परिचय देते हुए गतिविधियों व कार्यक्रमों के बारे में अवगत कराया और कहा कि यह संस्थान पिछले दस साल से क्षेत्र के मेघवाल समाज को एक मंच पर लाने में सफल रहा हैं।
कार्यक्रम का शुभारंभ बाबा साहब अम्बेडकर व भगवान बुद्ध की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ववलन से हुआ। बाद में अतिथियों व समारोह में भोजन व्यवस्थाकर्ता भँवरलाल पंवार,गीगाराम पंवार,भवन निर्माण हेतु एक लाख ग्यारह हजार एक सौ ग्यारह राशी भेंट करने सहित विभिन्न व्यवस्थाकर्ता एवं आर्थिक सहयोगकर्ता भामाशाहों का संस्थान पदाधिकारियों ने माला-साफा,दुपट्टा पहनाकर व स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मान किया गया।
आगुन्तुकों का संस्थान जिलाध्यक्ष प्रतापराम गोयल व उपखंड अध्यक्ष महेंद्र लोंगेशा ने आभार प्रकट किया। संचालन रमेश सरेल,खरताराम,प्रकाश मोबारसा व सुरेश भाटी ने किया।